चंडीगढ़: गुरमीत सिंह खुड्डियां ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए फसल अवशेष प्रबंधन मशीनों की खरीद पर 395 करोड़ रुपये की सब्सिडी जारी की है। इस योजना से राज्य के 5358 लाभार्थियों को सीधा फायदा मिला है।
कृषि मंत्री ने कहा कि सरकार की ओर से ग्राम पंचायतों, कस्टम हायरिंग सेंटरों, व्यक्तिगत किसानों और सप्लाई चेन इकाइयों को मशीन खरीद पर 50 से 80 प्रतिशत तक सब्सिडी दी गई है। उन्होंने बताया कि योजना का मुख्य उद्देश्य इन-सीटू और एक्स-सीटू पराली प्रबंधन को बढ़ावा देकर पराली जलाने की घटनाओं को रोकना और किसानों की आय बढ़ाना है।
उन्होंने बताया कि छोटे और सीमांत किसानों की पहुंच आसान बनाने के लिए राज्य में 66 सहकारी सभाओं के माध्यम से 1151 नए कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा 1042 ग्रामीण उद्यमी, 28 किसान उत्पादक संगठन और 15 पंचायतें भी इस योजना से जुड़ी हैं।
मंत्री के अनुसार, 4181 किसानों को सीधे आधुनिक सीआरएम मशीनों का लाभ मिला है। साथ ही 26 पैडी सप्लाई चेन स्थापित की गई हैं, जिससे पराली को बायोमास प्लांटों और औद्योगिक इकाइयों तक पहुंचाकर उसे आय के स्रोत में बदला जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि इस योजना के सकारात्मक नतीजे सामने आ रहे हैं। खरीफ 2025 सीजन में पराली जलाने के मामलों में 53 प्रतिशत गिरावट दर्ज की गई है और घटनाएं 10,909 से घटकर 5,114 रह गई हैं।
कृषि मंत्री ने किसानों से अपील की कि वे इन मशीनों का अधिक से अधिक उपयोग करें और पर्यावरण संरक्षण में सहयोग दें।
— Priyanka Thakur


