By Priyanka Thakur
संगरूर, 31 मार्च 2026:
पंजाब में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने 508 इमरजेंसी रिस्पॉन्स व्हीकल (ERV) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस पहल के तहत अब राज्य में डायल-112 सेवा के जरिए महज 6 मिनट में पुलिस सहायता उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
इन अत्याधुनिक वाहनों को सभी 28 पुलिस जिलों में तैनात किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि ये वाहन मोबाइल डेटा टर्मिनल, स्मार्टफोन, डैश कैमरा, वायरलेस सिस्टम और जीपीएस ट्रैकर जैसी आधुनिक सुविधाओं से लैस हैं, जिससे आपातकालीन स्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले चार वर्षों में पुलिस के आधुनिकीकरण के लिए 327.70 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। इसके चलते न केवल कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है, बल्कि नशा तस्करों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई संभव हुई है। उन्होंने बताया कि नशे के मामलों में सजा दर 87 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है, जो अन्य राज्यों की तुलना में काफी अधिक है।
उन्होंने यह भी कहा कि बेहतर कानून-व्यवस्था के कारण निवेशकों का विश्वास बढ़ा है। इसका उदाहरण टाटा स्टील द्वारा पंजाब में अपने दूसरे सबसे बड़े प्लांट की स्थापना के रूप में देखा जा सकता है। यह राज्य में सुरक्षित माहौल और मजबूत प्रशासन का संकेत है।
मुख्यमंत्री ने नशे के खिलाफ चल रही कार्रवाई का जिक्र करते हुए कहा कि यह केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जन आंदोलन बनता जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि नशे के कारोबार में शामिल लोगों का सामाजिक बहिष्कार किया जाए, ताकि इस समस्या को जड़ से खत्म किया जा सके।
उन्होंने बताया कि डायल-112 सेवा पर प्रतिदिन लगभग 15,000 कॉल प्राप्त होती हैं, जिनमें से करीब 1,500 मामलों में तुरंत वाहन भेजे जाते हैं। पहले जहां प्रतिक्रिया समय 30-45 मिनट होता था, अब इसे घटाकर 13-14 मिनट कर दिया गया है और आगे इसे 6 मिनट तक लाने का लक्ष्य है।
इसके अलावा, सरकार ने सड़क सुरक्षा के लिए विशेष फोर्स भी तैनात की है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में मौतों में 48 प्रतिशत की कमी आई है। पुलिस बल को मजबूत करने के लिए नई भर्तियां भी जारी हैं और आने वाले समय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग से पुलिसिंग को और बेहतर बनाया जाएगा।
यह पहल पंजाब को देश के सबसे सुरक्षित राज्यों में शामिल करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


