चंडीगढ़, 13 जनवरी।
पंजाब में योजनाबद्ध शहरी विकास को नई गति देने की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए पंजाब क्षेत्रीय एवं शहरी योजना तथा विकास (पी.आर.टी.पी.डी.) बोर्ड ने डेरा बाबा नानक, नंगल, बरनाला और नाभा के महत्वपूर्ण मास्टर प्लानों को मंजूरी दे दी है। यह फैसला राज्य में सुनियोजित शहरीकरण, बुनियादी ढांचे के विस्तार और निवेश को बढ़ावा देने में मील का पत्थर साबित होगा।
यह निर्णय पंजाब भवन, चंडीगढ़ में आयोजित पी.आर.टी.पी.डी. बोर्ड की उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता आवास एवं शहरी विकास मंत्री स. हरदीप सिंह मुंडियां ने की। बैठक में स्थानीय निकाय, उद्योग एवं वाणिज्य, निवेश प्रोत्साहन और बिजली विभाग के मंत्री संजीव अरोड़ा भी उपस्थित रहे, जबकि लोक निर्माण विभाग के मंत्री हरभजन सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी ऑनलाइन माध्यम से शामिल हुए।
बोर्ड द्वारा स्वीकृत मास्टर प्लानों से संबंधित क्षेत्रों में औद्योगिक हब, आवासीय टाउनशिप और व्यावसायिक गतिविधियों के विकास का मार्ग प्रशस्त होगा। इससे न केवल निवेश के नए अवसर सृजित होंगे, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और नागरिक सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार होगा।
इसके साथ ही बैठक में सुरक्षा, सतत शहरी विकास और सुव्यवस्थित सड़क नेटवर्क सुनिश्चित करने के लिए यूनिफाइड ज़ोनिंग रेगुलेशंस और नो-कंस्ट्रक्शन ज़ोन से जुड़े अहम संशोधनों को भी मंजूरी दी गई। इन फैसलों का उद्देश्य शहरी विस्तार को नियंत्रित, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल बनाना है।
बैठक में मुख्य सचिव के.ए.पी. सिन्हा, आवास एवं शहरी विकास सचिव विकास गर्ग, ग्रामीण विकास सचिव अजीत बाला जी जोशी, स्थानीय निकाय सचिव मनजीत सिंह बराड़ और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। सरकार ने स्पष्ट किया कि ये फैसले पंजाब को आधुनिक, योजनाबद्ध और निवेश-अनुकूल राज्य बनाने की दिशा में निर्णायक कदम हैं।


