Written by: Priyanka Thakur
कुरुक्षेत्र/चंडीगढ़, 30 नवंबर
एनआईटी कुरुक्षेत्र में शनिवार को 20वां दीक्षांत समारोह भव्य रूप से आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने छात्रों को नई उपलब्धियों के लिए बधाई देते हुए कहा कि युवा देश के विकास में अहम भूमिका निभाएं। मंच पर हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम घोष, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, बोर्ड ऑफ गवर्नेंस की अध्यक्ष डॉ. तेजस्विनी अनंत और निदेशक प्रो. बी.वी. रमना रेड्डी भी मौजूद रहे।
समारोह के दौरान डिग्री प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में उत्साह चरम पर दिखा। पारंपरिक पोशाक में छात्रों का जोश देखने लायक था। अभिभावकों के चेहरों पर गर्व साफ झलक रहा था। कार्यक्रम का माहौल उत्सव जैसा बना हुआ है।
✦ एनआईटी के 20वें दीक्षांत समारोह में आकर गर्व की अनुभूति: मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि एनआईटी कुरुक्षेत्र तकनीकी शिक्षा का महत्वपूर्ण केंद्र है। उन्होंने बताया कि हरियाणा में 2014 से पहले केवल 29 सरकारी तकनीकी संस्थान थे, जो बढ़कर अब 44 हो गए हैं। उन्होंने छात्रों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
✦ गीता का संदेश आज और भी प्रासंगिक: उपराष्ट्रपति
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के संदर्भ में कहा कि तेजी से बदलती दुनिया में गीता का संदेश पूरी मानवता के लिए मार्गदर्शक है। गीता सिखाती है कि सफलता से अहंकार न करें और असफलता से टूटें नहीं। उन्होंने महाभारत के प्रसंग और धर्म की जीत के महत्व का उल्लेख करते हुए इसे राष्ट्र निर्माण से जोड़ा।
✦ संस्कृति के संवाहक हैं देवस्थान: मुख्यमंत्री
देव स्थानम सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत अपनी संस्कृति के साथ आगे बढ़ता है और देवस्थान ही सांस्कृतिक मूल्यों को संरक्षण देते हैं। उन्होंने इसे गीता महोत्सव की एक महत्वपूर्ण कड़ी बताया।


