बेअदबी कानून पर सियासत तेज, सुखबीर बादल की चुप्पी पर पन्नू के सवाल
चंडीगढ़, 20 अप्रैल | प्रियंका ठाकुर
पंजाब में ‘जगत जोत गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार बिल 2026’ को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। आम आदमी पार्टी के मीडिया इंचार्ज Baltej Pannu ने शिरोमणि अकाली दल के प्रधान Sukhbir Singh Badal की चुप्पी पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पन्नू ने कहा कि जब राज्य में बेअदबी रोकने के लिए सख्त कानून लागू किया गया है, ऐसे समय में अकाली दल की ओर से कोई प्रतिक्रिया न आना कई बुनियादी सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा कि जो लोग पहले इस मुद्दे पर राजनीति करते थे, वे अब खामोश हैं।
पन्नू ने कहा कि Bhagwant Mann के नेतृत्व वाली सरकार ने कुछ ही दिनों में यह कानून लागू कर दिया, जबकि पिछली सरकारें इसे वर्षों तक टालती रहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि अकाली-भाजपा गठबंधन और कांग्रेस सरकार इस मुद्दे पर ठोस कानून बनाने में विफल रही थीं।
उन्होंने नए कानून की सख्ती का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें बेअदबी के दोषियों के लिए उम्रकैद और 25 लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है, जिससे ऐसे अपराधों पर सख्त रोक लगेगी।
पन्नू ने 2015 सहित पुरानी घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि उस समय की सरकारें प्रभावी कार्रवाई करने में नाकाम रहीं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जांच आयोगों की रिपोर्टों को नजरअंदाज किया गया।
उन्होंने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान Harjinder Singh Dhami की चुप्पी पर भी सवाल उठाए और कहा कि एसजीपीसी की बैठक के बाद प्रेस से बात न करना स्पष्टता की कमी को दर्शाता है।
पन्नू ने कहा कि विधानसभा के विशेष सत्र में अकाली दल का विधायक भी मौजूद नहीं था, जिससे उनकी गंभीरता पर सवाल उठते हैं। उन्होंने कहा कि इतिहास याद रखेगा कि गुरु ग्रंथ साहिब की मर्यादा की रक्षा के लिए कौन खड़ा हुआ और किसने चुप्पी साधी।


