पंजाब विजिलेंस की बड़ी कार्रवाई: ₹7,200 रिश्वत लेते निजी व्यक्ति रंगे हाथ गिरफ्तार, ट्रांसपोर्टर की शिकायत पर हुई कार्रवाई
चंडीगढ़, 29 जुलाई | प्रियंका ठाकुर | www.24ghantenews.com
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए फरीदकोट जिले के कोटकपूरा निवासी एक निजी व्यक्ति बाज कुमार को 7,200 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई एक ट्रांसपोर्टर की शिकायत के आधार पर की गई। विजिलेंस ब्यूरो ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता ट्रांसपोर्ट का कारोबार करता है और पंजाब के विभिन्न जिलों में रेत, बजरी, मिट्टी तथा पत्थर की ढुलाई करता है। शिकायत के अनुसार, पिछले महीने बुघीपुरा चौक पर आरटीए कर्मचारियों द्वारा लगाए गए नाके के दौरान उसके ट्रक को बिना किसी ठोस कारण के रोक लिया गया। इसी दौरान बाज कुमार ने स्वयं को आरटीए का करीबी व्यक्ति बताते हुए ट्रांसपोर्टर से संपर्क किया।
आरोप है कि बाज कुमार ने शिकायतकर्ता से कहा कि यदि वह भविष्य में फिरोजपुर जोन में अपने वाहनों के चालान से बचना चाहता है तो उसे प्रत्येक टिप्पर के लिए हर महीने रिश्वत देनी होगी। उसने चेतावनी दी कि रिश्वत नहीं देने पर वाहनों के चालान किए जाएंगे और ट्रांसपोर्ट कारोबार में परेशानी खड़ी की जाएगी।
प्रवक्ता के अनुसार, आरोपी ने शिकायतकर्ता को फिरोजपुर स्थित आरटीए कार्यालय में मिलने के लिए बुलाया। जब शिकायतकर्ता वहां नहीं पहुंचा तो आरोपी ने व्हाट्सएप कॉल कर दोबारा 1,200 रुपये प्रति वाहन प्रति माह रिश्वत की मांग की। शिकायतकर्ता द्वारा रकम कम करने की बात कहने पर आरोपी ने कथित तौर पर कहा कि आरटीए अधिकारी हरदीप सिंह इससे कम राशि लेने के लिए तैयार नहीं हैं और तय रकम ही देनी होगी।
रिश्वत देने के बजाय शिकायतकर्ता ने विजिलेंस ब्यूरो फ्लाइंग स्क्वाड-1, एसएएस नगर से संपर्क कर पूरी घटना की जानकारी दी। शिकायत की पुष्टि के बाद विजिलेंस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। कार्रवाई के दौरान दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में आरोपी बाज कुमार को शिकायतकर्ता से 7,200 रुपये रिश्वत लेते हुए मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
विजिलेंस ब्यूरो ने बताया कि मामले की गहन जांच जारी है। जांच के दौरान यदि किसी सरकारी अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल आरोपी के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो थाना एसएएस नगर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने लोगों से अपील की है कि यदि कोई भी व्यक्ति सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगता है तो उसकी सूचना तुरंत विजिलेंस विभाग को दें, ताकि भ्रष्टाचार पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।


