चंडीगढ़, 25 अप्रैल 2026: आम आदमी पार्टी पंजाब के महासचिव दीपक बाली ने राज्यसभा सदस्यों के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने के फैसले पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने इसे लोकतंत्र के खिलाफ बताते हुए संबंधित नेताओं से नैतिक आधार पर इस्तीफा देने की मांग की है।
दीपक बाली ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर तीखी टिप्पणी करते हुए लिखा, “जंग में मरने वाले को शहीद, जीतने वाले को योद्धा और भागने वाले को गद्दार कहा जाता है।” उन्होंने कहा कि जो नेता भाजपा के दबाव में पार्टी छोड़ रहे हैं, वे पंजाब के लोगों के साथ विश्वासघात कर रहे हैं।
बाली ने कहा कि पंजाब से नियुक्त राज्यसभा सदस्य चुनाव के जरिए नहीं, बल्कि आम आदमी पार्टी के नेतृत्व द्वारा राज्य के हितों की आवाज उठाने के लिए भेजे गए थे। इन नेताओं का कर्तव्य था कि वे किसानों, मजदूरों, व्यापारियों और आम जनता के मुद्दों को संसद में उठाएं।
उन्होंने आरोप लगाया कि इन सदस्यों ने अपने दायित्वों को निभाने के बजाय पार्टी और नेतृत्व के खिलाफ राजनीति शुरू कर दी। बाली ने कहा कि अगर उनमें नैतिकता और साहस है, तो उन्हें तुरंत अपने पद से इस्तीफा देकर जनता के बीच जाकर अपनी काबिलियत साबित करनी चाहिए।
बाली ने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी पंजाब में भगवंत मान के नेतृत्व में मजबूती से काम कर रही है और अरविंद केजरीवाल के मार्गदर्शन में पूरी तरह एकजुट है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी को कमजोर करने की कोई भी कोशिश सफल नहीं होगी।
उन्होंने भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा लोकतंत्र विरोधी रणनीतियों का इस्तेमाल कर रही है, जिसे तुरंत बंद किया जाना चाहिए। बाली ने चेतावनी दी कि पंजाब के लोग ऐसे नेताओं को कभी स्वीकार नहीं करेंगे जो दबाव में आकर अपने सिद्धांतों से समझौता करते हैं।


