मुख्यमंत्री भगवंत मान का बड़ा बयान, बेअदबी के दोषियों को शरण देने वालों पर साधा निशाना
पटियाला, 26 जून: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने समाणा विधानसभा क्षेत्र के गांव गाजेवास में आयोजित ‘लोक मिलनी’ कार्यक्रम के दौरान बेअदबी के मामलों को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी के दोषियों को पिछले 15 वर्षों तक संरक्षण देने वालों को संगत कभी माफ नहीं करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस गंभीर अपराध में शामिल लोगों को जल्द ही कानून के तहत जेल भेजा जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा लाया गया ‘जागत जोत गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम-2026’ बेअदबी के मामलों में कठोर सजा सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि यह कानून कानूनी विशेषज्ञों से विस्तृत सलाह के बाद तैयार किया गया है ताकि भविष्य में इसमें किसी प्रकार की कमजोरी न रह जाए।
भगवंत मान ने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उनके शासनकाल में बेअदबी की कई घटनाएं हुईं, लेकिन दोषियों के खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि अब उनकी सरकार ऐसे मामलों में किसी भी दोषी को बख्शने वाली नहीं है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार जनता के टैक्स का पैसा सीधे विकास कार्यों पर खर्च कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य के 90 प्रतिशत से अधिक घरों को मुफ्त बिजली मिल रही है, जबकि 68 हजार से अधिक युवाओं को बिना किसी रिश्वत या सिफारिश के सरकारी नौकरियां दी गई हैं। इसके अलावा शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क निर्माण पर भी तेजी से काम किया जा रहा है।
उन्होंने जानकारी दी कि ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत प्रत्येक परिवार को 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है। वहीं, ‘मावां धीयां सतिकार योजना’ के तहत 1 जुलाई से महिलाओं को आर्थिक सहायता भी दी जाएगी। अनुसूचित जाति वर्ग की महिलाओं को 1,500 रुपये प्रतिमाह तथा अन्य वर्गों की महिलाओं को 1,000 रुपये प्रतिमाह सीधे उनके बैंक खातों में भेजे जाएंगे।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने गांव गाजेवास के विकास के लिए 51 लाख रुपये की अनुदान राशि भी प्रदान की। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य हर गांव तक बेहतर सुविधाएं पहुंचाना और पंजाब को विकास के हर क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाना है।


