राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस पर पंजाब के 59 डॉक्टरों को राज्य स्तरीय सम्मान, जल्द आशा वर्करों को भी मिलेगा सम्मान
चंडीगढ़: राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस के अवसर पर पंजाब सरकार ने चिकित्सा क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले 59 डॉक्टरों को राज्य स्तरीय पुरस्कारों से सम्मानित किया। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने म्युनिसिपल भवन में आयोजित राज्य स्तरीय चिकित्सक पुरस्कार समारोह में सरकारी और निजी क्षेत्र के चिकित्सकों को सम्मान पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान किए।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले डॉक्टरों को संस्थागत स्तर पर सम्मानित करना है। सरकार का कहना है कि यह एक योग्यता आधारित नीति है, जिसके तहत स्वास्थ्य विभाग, सरकारी मेडिकल कॉलेजों और निजी अस्पतालों में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले डॉक्टरों को सम्मानित किया जा रहा है।
समारोह को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने सभी चिकित्सकों को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस की शुभकामनाएं दीं और मरीजों के प्रति उनकी समर्पित सेवा तथा संवेदनशील व्यवहार की सराहना की। उन्होंने कहा कि डॉक्टर हर संकट की घड़ी में समाज के लिए सबसे आगे खड़े रहते हैं। चाहे कोविड-19 महामारी हो, बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा या कोई अन्य आपात स्थिति, डॉक्टरों ने हमेशा मानवता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है।
स्वास्थ्य मंत्री ने पंजाब इंस्टीट्यूट ऑफ लिवर एंड बिलियरी साइंसेज (PILBS) के निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह के योगदान की विशेष सराहना करते हुए कहा कि संस्थान में सफल लिवर ट्रांसप्लांट के बाद जल्द ही किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा भी शुरू होने जा रही है। उन्होंने होमी भाभा कैंसर अस्पताल के निदेशक डॉ. आशीष गुलिया की भी कैंसर के शुरुआती निदान और आधुनिक उपचार व्यवस्था को मजबूत करने के लिए प्रशंसा की।
इसके अलावा प्रसिद्ध हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. बिश्व मोहन और न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. जैराज डी. पांडियन को पंजाब में हब एंड स्पोक मॉडल पर आधारित स्टेमी और स्ट्रोक प्रोजेक्ट को सफलतापूर्वक लागू करने के लिए सम्मानित किया गया। सरकार ने बताया कि इन परियोजनाओं के माध्यम से हार्ट अटैक और स्ट्रोक के मरीजों को समय पर आधुनिक उपचार और महंगी जीवनरक्षक दवाएं निशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं।
डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार का लक्ष्य सरकारी अस्पतालों में भी निजी अस्पतालों जैसी गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं हर नागरिक का अधिकार हैं और सरकार इस दिशा में लगातार काम कर रही है।
स्वास्थ्य मंत्री ने घोषणा की कि आने वाले समय में आशा वर्करों, पैरा-मेडिकल स्टाफ और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों को भी उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए इसी तरह राज्य स्तरीय सम्मान प्रदान किए जाएंगे।
समारोह में विभिन्न सरकारी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेजों और निजी स्वास्थ्य संस्थानों से जुड़े 59 डॉक्टरों को चिकित्सा सेवा, जनस्वास्थ्य, टीकाकरण, कैंसर उपचार, हृदय रोग, न्यूरोलॉजी, रक्त संक्रमण सेवाओं और अन्य स्वास्थ्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
By Priyanka Thakur


